Friday, 18th August, 2017

मुहावरा सूपड़ा साफ़ करना उल्लेख सहित UP की पाठ्यक्रम में शामिल करेगी भाजपा

16, Mar 2017 By Velawrites
मुहावरे का सचित्र वर्णन
मुहावरे का सचित्र वर्णन

मुहावरे पढ़ाना किसी भी स्कूल के पाठ्यक्रम में एक महत्वपूर्ण विषय होता है।

खिसियानी बिल्ली खम्बा नोचे (इसका मायावती के EVM वाले बयां से कुछ लेना देना नहीं है), अपने मुह मिया मिट्ठु बनना (इसका अखिलेश और राहुल के चुनाव के बाद जीत का अनुमान लगाने वाले बयां से कुछ लेना देना नहीं है।) इसी के कुछ उदहारण है।

अब दो महीने की चुनावी महाभारत के बाद जब अखिलेश ने बसपा से समर्थन लेने की बात करके चुनावी गणित को आहत पहुचाने का बयां दिया तो भाजपा के वरिष्ठ नेताओ के ह्रदय में आग जल गयी। और  जनता के फैसले ने उन्हें इसका बदला लेने का मौका भी दे दिया।

सुनने में आया है की पहली योजना सरकार बनाने के बाद डेवलपमेंट और मैनिफेस्टो में लिखी किसी बात की नहीं होगी अपितु सूपड़ा साफ़ करना मुहावरा पाठ्यक्रम में शामिल करने की होगी। उदहारण के तौर पे जिस तरह अखिलेश के मुख्या मंत्री बनने के सारे जुगाड़ विफल हुए, उसका उल्लेख होगा।

सामान्य ज्ञान कहता है चुकी नेताओ के बच्चे आम तौर पर विदेश में पढ़ते है तो इससे उनके घर पर कोई पारिवारिक तनाव नहीं उत्पन्न होगा।