Monday, 24th July, 2017

मोदी कैबिनेट की मीटिंग का आँखों देखा हाल

03, May 2017 By Prashant Bhatt

हमने देश के मुख्यमंत्री केजरीवाल जी से प्रेरणा लेकर मोदी कैबिनेट की मीटिंग में अपना ख़ुफ़िया कैमरा पहुंचा दिया।पेश इस मीटिंग में हुई बात-चीत के कुछ अंश

मोदी:मित्रों, ये बैठक कश्मीर के ताज़ा हालात पर चर्चा के लिए बुलाई गयी है।तो राजनाथ जी आपके गृहमंत्री के रूप में क्या विचार है?

राजनाथ: हम इसकी कड़ी निंदा करते है।

जावड़ेकर: अबे ये कैबिनेट मीटिंग है,प्रेस कांफ्रेंस नही।जब देखो तब कड़ी निंदा करता रहता है।

बीच में वैंकया नायडू बोल पड़ते है।

वैंकेया:MODI- man for developing India.

सुषमा: ये सबसे बड़ा भक्त है।

"इस बार कड़ी से भी कड़ी निंदा की जाए?"
“इस बार कड़ी से भी कड़ी निंदा की जाए?”

मोदी:गडकरी जी,आप बताओ क्या करना चाहिए?

गडकरी कुछ कहते है पर किसी को समझ नही आता है।

स्मृति- अरे कोई समोसा निकालो इसके मुंह से।जब देखो तब खाता रहता है।

दत्तात्रेय गडकरी के मुंह से समोसा निकलते है।

गडकरी-मैं वहां एक्सप्रेसवे बनवा देता हु और झेलम में जहाज चलवा देता हु।

उमा: समोसा फिर से डाल दो इसके मुंह में।

रविशंकर प्रसाद चुप-चाप बैठे थे।

सदानंद गौड़ा-ओये रवि,तू भी बोल कुछ

रविशंकर:हम इसकी कड़ी भर्त्सना करते है और प्रधानमंत्री का इस्तीफा…..उई..सॉरी, आदत बन है।

मोदी:सब के सब निकम्मे है।जेटली तू बता।

जेटली- मैं केवल मीडिया मैनेज कर सकता हूँ।

मोदी: तुम सबसे न हो पायेगा।मुझे ही कुछ करना पड़ेगा।

तभी कोई बोला;तुम भी क्या कर लोगे, बस सेल्फ़ी खींचकर ट्विटर पर डालते रहो।

मोदी: कौन बोला ये।

कलराज:ये शिवसेना वाला बोला।

सुरेश प्रभु- इनका साला पता ही नही चल रहा कि ये सरकार में हैं या विपक्ष में।

मोदी: अच्छा तो आज की मीटिंग यहीं खत्म की जाती है।मुझे एक रॉकबैंड के कार्यक्रम में भाषण देने जाना है।

हरसिमरत कौर: तो फैसला क्या हुआ आज ?

जेटली- फैसला यही हुआ कि कश्मीर पर फैसला अगली मीटिंग में करेंगे।

मीटिंग खत्म होती है।बाहर निकलते हुए मोदी राजनाथ से कहते है कि अगले मीटिंग में समोसे मत रखवाना।