Sunday, 17th December, 2017

केजरीवाल ने दिया ‘मदारी’ पर रिव्यू: सेंसेक्स में ५०० अंको का भारी उछाल!

25, Jul 2016 By चीखता सन्नाटा

नई दिल्ली. परम आदरणीय, श्रद्धेय, एवं जग प्रसिद्ध माननीय मुख्यमंत्री केजरीवाल जी द्वारा ‘मदारी’ फिल्म को दिए सकारात्मक रिव्यू से बाक्स ऑफिस में जश्न का माहौल छा गया है| फिल्म के कलाकारों और पूरी यूनिट ने इसे माननीय केजरीजी का आशीर्वाद मानते हुए पूरे मुहल्ले में मिठाई की जगह झाडू बंटवाने का बीड़ा उठाया है|

“एक मदारी कलाकार ही दूसरे मदारी कलाकार की कद्र कर सकता है”, अभिनेता खान अपने आँखों के आंसू पोंछते हुए बोले, “केजरी हम सभी कलाकारों के प्रेरणा-स्त्रोत है|”

भारत के दो उच्चतम अभिनेता
भारत के दो उच्चतम अभिनेता

केजरीवाल जी के फिल्म देखने की खबर बाहर आते ही सेंसेक्स में ५०० अंको का भारी उछाल देखने को मिला है|

“फिल्में हमारी देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है| केजरीवाल जी के इस दिव्य रिव्यू ने भारत की अर्थव्यवस्था को दुनिया की सबसे तेज अर्थव्यवस्था बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है”, मेरी-तेरी पार्टी के कभी पुराने चावल में शुमार रहे बुजुर्ग सदस्य बोले, “यह एक क्रांतिकारी कदम है, बेहद क्रांतिकारी कदम!”

वही दूसरी ओर केजरीवाल जी के इस रिव्यू से हॉलीवुड में मातम का माहौल है| हॉलीवुड के कई प्रमुख फिल्मकारों ने दबे स्वर से केजरीवाल के इस कदम से रोष जताया है और अमेरिका से भारत पर इस विषय पर दबाव बनाने का अनुरोध किया है|

“अमेरिका के राजनेता इतने गिरे हुए है कि देश-प्रदेश के मामलों से ऊपर उठ कर इन नायाब फिल्मों की सराहना करना उनके लिए टेढ़ी खीर है| लेकिन इंडिया वाले हम से कई कदम आगे निकल चुके है| यहाँ जनता सड़क से लेकर सुरक्षा तक के सारे काम खुद करना सीख चुकी है| इससे राजनेताओं को फिल्में देखकर उनपर अपनी प्रतिक्रिया देने का समय मिल जाता है जो देश को नई ऊँचाइयों पर पहुंचा देता है| यह वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए खतरा है!”

इसी बीच खबर आई है कि कई नामी-गिरामी फिल्म निर्माता माननीय केजरीवाल जी से अपनी आने वाली फिल्मों के रिव्यू के लिए दिल्ली में डेरा डाल कर बैठ गए है|

“मेरी फिल्म का तो अभी नाम भी फाईनल नहीं हुआ है, पर सर जी के रिव्यू के बाद सभी फाइनल हो जाएंगा”, एक नामी-गिरामी प्रोडूसर ने हमें बताया, “रिव्यू मिल जाए तो बगैर हीरो-हिरोइन के भी फिल्म चल जायेंगी|”

केजरीवाल जी से इस विषय में बातचीत करने का मौका नहीं मिल पाया| ‘मदारी’ का रिव्यू देने के बाद वह दूसरी फिल्म देखने के लिए सिनेमाघर की तरफ बढ़ गए थे|