Thursday, 19th October, 2017

विश्व कप से बाहर होने के बाद भारतीय खेमे मे निराशा

02, Oct 2012 By Sandeep Kadian

भारत दक्षिण अफ्रिका से जीत तो गया परंतु विश्व कप से बाहर हो गया. इस हार के बाद सब खिलाड़ी बेहद निराश और हताश थे. इस हताशा मे उनके बीच क्या बात हुई, हमने अपने गुप्त camera के ज़रिए पता लगाया. आगे पढ़िए क्या क्या बात हुई Dressing Room में…

रैना: माही कुछ हो जाए ये Du Plessis CSK के लिए दोबारा नहीं खेलेगा!

धोनी: चिंता ना कर, साले को पहले चेन्नई की गर्मी मे हर match खिलाएँगे और फिर check रोक देंगे. Srini मामा को कह के नया rule डलवा देंगे कि Du Plessis नाम के आदमी को payment नहीं दी जाएगी. मरवा दी आज.

अश्विन: लेकिन धोनी आपने मुझे रोहित से पहले bowling क्यों नहीं दी, मैं उसे आउट कर देता.

धोनी: जैसे पीटरसन को किया था 2 बॉल मे 2 बार?

अश्विन: ग़लती से mistake हो गया.

युवराज: यहाँ मेहनत करने से G**nd घिस गयी और तुम्हारी ग़लती से mistake चल रही हैं. पिछले एक साल मे तुम लोग क्या कर रहे थे मेरे बिना?

तिवारी: कुछ नहीं पाजी, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लेंड से 8-0 से हार रहे थे.

धोनी: चुप कर तिवारी वरना अगली series मे तुझे नहीं select करेंगे.

तिवारी: मत करो कप्तान जी, अगली series भारत मे ही है, वहाँ तो मैं shopping वैसे ही कर सकता हूँ. BCCI की ticket और hotel stay की ज़रूरत नहीं है. खेलना तो मैने वैसे ही नहीं है!

सहवाग: आजकल के युवा खिलाड़ियों का attitude ही खराब है!

ज़हीर: वीरू आज तू मत बोल यार, ऐसी बॉल पे तो मैं भी ना आउट होता, और तुझे चोट कैसे लगी?

सहवाग: वो विकेट के बाद उछल रहा था तो टखना मुड़ गया.

गंभीर: कितनी बार बोला है थोड़ा वजन कम कर ले, कब तक तेरे पैर ये एक Quintal की बोरी उठाएँगे?

सहवाग: गौती तू भी? अपनी गिल्ली उड़ती नहीं देखी? जा यार (और सहवाग कोने मे जा कर गुनगुनाने लगते हैं ‘दोस्त दोस्त ना रहा’)

पठान: मुझसे शुरुआत करवा लेते आज भी, कुछ तो करता.

धोनी: भाई तूने जो गेंदबाज़ी मे किया वो बहुत है, और कुछ करता तो मैं सह्न नहीं कर पाता और साक्षी जवानी मे विधवा हो जाती.

भज्जी: साक्षी की चिंता मत कर, मैं हूँ ना. वैसे ही मेरा घर नहीं बसरा.

धोनी: सही है भज्जी, ना खिलाने का बदला निकाल रहा है taunt मार मार कर.

भज्जी: मुझे तो ना खेलने की आदत पड़ गयी है लेकिन रोहित शर्मा को क्यों खिलाया? उससे तेज़ मैं रन बना देता और bowling तो वाहेगुरू की कृपा से उससे अच्छी ही है. तेरा first choice spinner था वो आज.

धोनी: यार अफवाह सुनी है की उसमे talent  है, साला कौन से कोने मे है मिल नहीं रहा!

रोहित: पाजी मैं यहीं हूँ, ऐसे तो ना बात करो!

कोहली: दिक्कत तो यही है की तू यहीं है. आज मुंबई मे होता तो शायद हम सेमीफाइनल मे होते!

चावला: देखो यार अब क्या लाभ आपस मे बहस करने का.  अब बाहर तो हो गये  हैं, चलो पार्टी करते हैं और Sri Lankan Cheerleaders के साथ मज़े करते हैं

Sri Lankan Cheerleaders का नाम सुनते ही कुछ खिलाड़ी vomit करने बाथरूम मे और बाकी सोने चले गये और चावला वहाँ अकेले खड़े रह गये…